बिहार की सड़के अब बनेगी तय समय पर, सरकार ने लिया ये अहम फैसला

सड़क परियोजनाओं की अवधि विस्तार दिए जाने की प्रक्रिया में पथ निर्माण विभाग ने बदलाव किया है। अब कार्यपालक अभियंता के स्तर पर ही परियोजनाओं को अवधि विस्तार दिया जा सकेगा। इसके साथ ही कार्यपालक अभियंता को इसके लिए जवाबदेह बना दिया गया है कि अवधि विस्तार तक संबंधित परियोजना का काम पूरा हो जाए। अगर अतिरिक्त अवधि में काम पूरा नहीं हुआ तो कार्यपालक अभियंता पर दंड लगेगा और अनुशासनिक कार्रवाई भी होगी।

अब तक मुख्‍यालय स्‍तर पर मिलती थी स्‍वीकृति, होता था विलंब

पथ निर्माण मंत्री नितिन नवीन ने शनिवार को बताया कि पूर्व में किसी सड़क परियोजना को अवधि विस्तार दिए जाने की प्रक्रिया यह थी कि फाइल पहले कार्यपालक अभियंता के पास पहुंचती थी और इसके बाद अधीक्षण अभियंता होते हुए मामला मुख्य अभियंता के पास पहुंचता था। अवधि विस्तार की स्वीकृति मुख्यालय के स्तर पर दी जाती थी। पथ निर्माण मंत्री ने कहा कि इस प्रक्रिया में काफी विलंब होता था।

संवेदक को देना होगा अतिरिक्‍त समय में काम पूरा करने का शपथ पत्र

इस अवधि में निर्माण एजेंसी द्वारा काम पूरा करने में काफी शिथिलता बरती जाती थी। अब नयी प्रक्रिया के तहत कार्यपालक अभियंता और संवेदक अपने विवेक एवं विश्लेषण के आधार पर शेष कार्य को पूर्ण किए जाने को ले अतिरिक्त समय अवधि की गणना करेंगे। संवेदक को अतिरिक्त समय में कार्य पूरा किए जाने को शपथ पत्र देना होगा। शपथ पत्र के आधार पर कार्यपालक अभियंता स्वीकृति योग्य अतिरिक्त समय अवधि पर तत्काल निर्णय लेंगे।