झारखंड के इन 10 जिलों में होगी हाईस्‍कूल शिक्षकों की नियुक्ति, देखिये किस जिले में कितने पद

झारखंड के 10 गैर अनुसूचित जिलों में हाईस्कूलों के शिक्षकों की नियुक्ति के लिए स्कूली शिक्षा और साक्षरता विभाग ने आदेश जारी कर दिया है। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की ओर से अनुशंसा की गई 680 शिक्षकों की नियुक्ति संबंधी आदेश माध्यमिक शिक्षा निदेशक हर्ष मंगला ने सभी जिलों को जारी कर दिया। इतिहास-नागरिक शास्त्रत्त् विषय के इन अनुशंसित अभ्यर्थियों के शैक्षणिक प्रमाण पत्र और अन्य दस्तावेज की जांच के बाद संबंधित जिलों में नियुक्ति पत्र दिया जाएगा और स्कूलों का आवंटन किया जाएगा।

स्कूली शिक्षा और साक्षरता विभाग के माध्यमिक शिक्षा निदेशक हर्ष मंगला ने सभी जिला स्थापना समिति को नियुक्ति का अधिकार दिया है। उन्होंने कहा है कि झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की ओर से की गई अनुशंसा पूरी तरह से औपबंधिक है। आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित जिला स्तरीय स्थापना समिति की पूरी तरह से जवाबदेही होगी कि वह छानबीन, भौतिक जांच और दस्तावेज के सत्यापन के बाद जल्द से जल्द नियुक्ति से संबंधित अंतिम निर्णय लें। जिला स्तरीय स्थापना समिति अभ्यर्थियों के शैक्षणिक व प्रशैक्षणिक, जाति, आवासीय और अन्य प्रमाण पत्रों की स्थिति और मान्यता के संबंध में अंतिम रूप से संतुष्ट होकर ही नियुक्ति प्रक्रिया की कार्रवाई करेगी। अनुशंसा किए गए अभ्यर्थियों की जिस विषय में नियुक्ति होनी है, वह विषय अभ्यर्थी का मुख्य विषय होना चाहिए ना कि सब्सिडियरी विषय। ऐसे में इतिहास-नागरिक शास्त्रत्त् विषय में नियुक्ति के लिए इतिहास या राजनीति शास्त्रत्त् में से कोई एक विषय मुख्य विषय के रूप में होना अनिवार्य है।

ये मुख्य विषय होने के बाद ही अभ्यर्थियों की शैक्षणिक योग्यता की समीक्षा करते हुए नियुक्ति की कार्रवाई की जाएगी। शिक्षा विभाग ने संबंधित 10 जिलों के जिला शिक्षा पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि जेएसएससी की ओर से अनुशंसित अभ्यर्थियों के मूल दस्तावेज लेने के लिए जिले से पदाधिकारी मुख्यालय भेजे जाएं, ताकि उन्हें यह उपलब्ध कराया जा सके।

जिला कुल पद अनुशंसा

गढ़वा 133 102

पलामू 136 110

हजारीबाग 52 47

रामगढ़ 46 37

कोडरमा 40 32

गिरिडीह 113 92

बोकारो 52 46

धनबाद 100 83

गोड्डा 96 78

चतरा 57 53

प्रभावित हो सकता है नियुक्ति का फैसला

माध्यमिक शिक्षा निदेशक ने जिलों को निर्देश दिया है कि संयुक्त स्नातक प्रशिक्षित शिक्षक प्रतियोगिता परीक्षा 2016 का मामला सुप्रीम कोर्ट में है और उस पर सुनवाई की जा रही है। ऐसे में नियुक्ति संबंधी कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट के आदेश से प्रभावित भी हो सकती है। सोनी कुमारी और झारखंड सरकार के मामले पर उच्च न्यायालय ने 21 सितंबर 2020 को ही आदेश दिया था, जिस पर सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दायर है और उस पर सुनवाई चल रही है। वहीं, इतिहास-नागरिक शास्त्रत्त् विषय से संबंधित मामला अमित कुमार विश्वकर्मा और सरकार के बीच सुप्रीम कोर्ट में चल रहा है। इसमें आने वाले फैसले के आधार पर विभाग गाइडलाइन जारी करेगा।