खुशखबरी : बिहार में शिक्षक, प्रधान शिक्षक और प्रधानाध्‍यापक के इतने पदों पर होगी बहाली, जानिए पूरी डिटेल

बिहार में पंचायत चुनाव खत्‍म होते ही शिक्षक बहाली की प्रक्रिया तेज हो जाएगी। पंचायत चुनाव दिसंबर में खत्‍म होने हैं। इसके तुरंत बाद 94 हजार प्रारंभिक शिक्षकों की पहले से चल रही बहाली प्रक्रिया को पूरा कराया जाएगा। साथ ही माध्‍यमिक एवं उच्‍च माध्‍यमिक विद्यालयों में 30 हजार से अधिक पदों पर शिक्षकों की बहाली भी शुरू होगी। इसके अलावा राज्‍य के माध्‍यमिक विद्यालयों में पांच हजार से अधिक प्रधानाध्‍यापक के पदों और प्रारंभिक विद्यालयों में 40 हजार से अधिक प्रधान शिक्षक के पदों पर बिहार लोक सेवा आयोग के जरिये बहाली की कवायद पहले ही तेज कर दी गई है। इस संबंध में विज्ञापन शीघ्र ही प्रकाशित होने की संभावना है।

14 हजार से अधिक पदों के लिए काउंसिलिंग शेष

शिक्षा विभाग के अधिकारियों की मानें तो 94 हजार प्रारंभिक शिक्षकों की बहाली प्रक्रिया अब पंचायत चुनाव के बाद शुरू होगी। इसमें ऐसी 13 सौ नियोजन इकाइयां हैं, जहां 14350 शिक्षक पद के लिए काउंसिलिंग बाकी रह गई है। यह काउंसलिंग अब पंचायत चुनाव के बाद करायी जाएगी। आदर्श आचार संहिता लागू रहने के चलते राज्य निर्वाचन आयोग से काउंसलिंग की अनुमति नहीं मिलने के बाद शिक्षा विभाग की ओर से दिसंबर के दूसरे पखवारे में काउंसलिंग प्रक्रिया को लेकर शिड्यूल जारी किया जा सकता है। इसी तरह पंचायत चुनाव के चलते राज्य के माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में 30020 पदों पर बहाली प्रक्रिया पर रोक लगी है। यह बहाली भी अब पंचायत चुनाव के बाद शुरू होगी।

प्रमंडलीय आयुक्तों को प्रधानाध्यापक के पदों को रोस्टर क्लियर करने का निर्देश

प्रदेश के नवस्थापित उच्च माध्यमिक विद्यालयों में 5334 प्रधानाध्यापकों और प्रारंभिक विद्यालयों में 40518 प्रधान शिक्षकों की बिहार लोक सेवा आयोग से बहाली की कवायद तेज हो गई है। पंचायत चुनाव के बाद इन पदों के विरुद्ध सीधी बहाली हेतु आयोग को अधियाचना भेजी जाएगी। लिहाजा, शिक्षा विभाग की ओर से प्रमंडलीय आयुक्तों से प्रधानाध्यापकों के सृजित पदों का रोस्टर क्लियर कर रिपोर्ट मांगी गई है। इसी तरह विभाग ने जिलाधिकारियों को प्रधान शिक्षकों के पदों का रोस्टर क्लियर कर रिपोर्ट देने को कहा है।

शिक्षा विभाग बीपीएससी को भेजेगा अधि‍याचना

अगले पखवारे में प्रमंडलीय आयुक्तों और जिलाधिकारियों से सृजित पदों के आलोक में रोस्टर क्लियर कर रिपोर्ट शिक्षा विभाग को मिलने की उम्मीद है। इसके बाद शिक्षा विभाग अपने स्तर पर जिलेवार रोस्टर क्लियरेंस रिपोर्ट की समीक्षा करेगा और विभागीय स्तर पर सहमति प्राप्त की जाएगी। इसके बाद विभाग द्वारा संबंधित पदों पर बहाली के लिए अधियाचना तैयार कर बिहार लोक सेवा आयोग को भेजने की विधिवत कार्यवाही पूरी की जाएगी। प्रधानाध्यापकों और प्रधान शिक्षकों के सृजित पदों को वित्त विभाग द्वारा पहले ही स्वीकृति दी जा चुकी है। बता दें कि सात सितंबर को मंत्रिमंडल की बैठक में उच्च माध्यमिक विद्यालयों में प्रधानाध्यापकों और प्रारंभिक विद्यालयों में प्रधान शिक्षकों के पद सृजन की मंजूरी दी गई थी।