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ब्रेस्ट कैंसर में ब्रेस्ट काटने नहीं पड़ते? छवि मित्तल ने दिया फोटो पर मिले कमेंट का जवाब

छवि मित्तल ब्रेस्ट कैंसर सर्वाइवर हैं। उन्होंने रीसेंटली अपनी वकेशन की तस्वीरें डाली थीं। इन फोटोज पर कुछ इनसेंसिटिव कमेंट्स आए हैं, छवि ने इनको सोशल मीडिया पर शेयर किया है। एक फॉलोअर ने लिखा है, ब्रेस्ट कैंसर में ब्रेस्ट काटने नहीं पड़ते? इस पर छवि के ही कुछ फॉलोअर्स ने जवाब दिया है और इस कमेंट को रूड बताया है। जवाब में एक फॉलोअर ने लिखा है कि सिलेब्स को ऐसे कमेंट्स की आदत होती है। छवि ने लंबा पोस्ट लिखकर कुछ कमेंट्स के स्क्रीनशॉट् पोस्ट किए हैं और अपने दिल की बात लिखी है।

बचाने के लिए की बहुत कोशिश
छवि लिखती हैं, जी हां, यह इनसेंसिटिविटी अभी भी होती है। मैंने हाल ही में छुट्टियों की बीच वाली कुछ तस्वीरें और रील्स पोस्ट की थीं और इस कमेंट पर मेरा ध्यान गया। मेरे ब्रेस्ट किसी सामान की तरह डिसकस किए जा रहे हैं। क्या मैं अपनी बात की शुरुआत ऐसे कर सकती हूं कि मैं ब्रेस्ट कैंसर सर्वाइवर हूं और इस अंग को ठीक और बचाए रखने के लिए बहुत कोशिश की है। 

बन जाएं थोड़े संवेदनशील
मैं पूरी तरह समझ सकती हूं कि लोगों को इस मामले पर उत्सुकता होती है, लेकिन थोड़ा संवेदनशील हो जाएंगे तो कोई हर्ज नहीं होगा, है ना? इस इंसान ने यह तक कह दिया कि सिलेब्स ऐसे कमेंट्स के आदी होते हैं। वेल, सिलेब्स भी इंसान होते हैं। उनके इमोशंस भी आम लोगों की तरह होते हैं। उन्हें भी नॉर्मल लोगों की तरह कैंसर होता है। वे भी नॉर्मल लोगों की तरह सर्वाइव करते या मर जाते हैं। 

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बताया कैसे होती है सर्जरी
इसलिए नहीं। कोई ऐसे इनसेंसिटिव रिमार्क्स का आदी नहीं होता है वो भी ऐसे मैटर के जिसके शारीरिक और भावनात्मक दुष्परिणाम जीवनभर रहने वाले हों। लेकिन जो महिलाएं जानना चाहती हैं कि ब्रेस्ट कैंसर सर्जरी कैसे होती है बता दूं कि लंपेक्टॉमी (जो मेरी हुई) होती है। इसमें सिर्फ लंप निकाला जाता है न कि पूरा ब्रेस्ट। मास्टेक्टॉमी होती है जिसमें पूरा ब्रेस्ट निकाला जाता है। यह तब होती है जब कैंसर फैल जाता है। यह अडवांस स्टेज में होता है। यहां मैं यह भी बताना चाहती हूं कि अपना चेकअप करवाते रहें। एक रिकंस्ट्रक्शन सर्जरी होती है। मैं रिकंस्ट्रक्शन सर्जरी भी करवाई है। इसमें ब्रेस्ट्स पहले जैसे दिखने लगते हैं। सिलिकॉन का सहारा तब लिया जाता है जब ब्रेस्ट हटान पड़ें, मुझे सिलिकॉन की जरूरत नहीं पड़ी।

7 महीने हो गए, आज भी रोती हैं छवि
छवि ने यह भी लिखा है कि कैंसर सर्वाइवर होना जीवन बदलने वाला अनुभव है। उनके लिए यह नई जिंदगी है और पहले जैसी नहीं। 7 महीने हो चुके हैं और बिना गलती के उन्हें जिस दर्द से गुजरना पड़ा उसके लिए आज भी रोती हैं। बता दें कि कमेंट्स में कई लोगों ने लिखा था कि छवि ने सिलिकॉन इम्प्लांट करवाया है। 

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