झारखंड : कुलपति से अधिकार छिना, जानें अब कौन करेगा थर्ड ग्रेड में कर्मचारियों की नियुक्ति

झारखंड : कुलपति से अधिकार छिना, जानें अब कौन करेगा थर्ड ग्रेड में कर्मचारियों की नियुक्ति

राज्य के विश्वविद्यालयों में थर्ड ग्रेड (तृतीय श्रेणी) में नियुक्ति का अधिकार कुलपतियों से ले लिया गया है। अब झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) इन पदों पर नियुक्ति करेगा। उच्च तकनीकी शिक्षा व कौशल विकास विभाग के सचिव शैलेश कुमार सिंह ने सभी विश्वविद्यालयों को निर्देश जारी कर 15 दिनों में जेएसएससी को थर्ड ग्रेड की रिक्तियों की संख्या भेजने का निर्देश दिया है।

बता दें कि पहले कुलपतियों को ही विश्वविद्यालय और संबंधित कॉलेजों में थर्ड और फोर्थ ग्रेड के शिक्षकेतर कर्मचारियों की नियुक्ति का अधिकार था। झारखंड की पिछली रघुवर सरकार में विश्वविद्यालयों के कुलपतियों से थर्ड और फोर्थ ग्रेड के कर्मचारियों की नियुक्ति का अधिकार ले लिया गया था, लेकिन हेमंत सोरेन सरकार बनने के बाद इन पदों पर नियुक्ति की जिम्मेदारी कुलपतियों को सौंप दी गई। अब फिर से इसे वापस ले लिया गया है। 

परिनियम तैयार हुए चार साल से अधिक हो चुके हैं : विश्वविद्यालयों में थर्ड और फोर्थ ग्रेड के पदों पर नियुक्ति के लिए परिनियम तैयार हुए चार साल से अधिक हो चुके हैं, लेकिन विश्वविद्यालयों के द्वारा कोई कार्रवाई नहीं की गई है। विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में वर्ष 2021 तक थर्ड ग्रेड और फोर्थ ग्रेड के पदों पर नियुक्त अनेक शिक्षकेतर कर्मचारी रिटायर हो जाएंगे। इससे यहां के काम प्रभावित होंगे, इसलिए विश्वविद्यालय अपने और अंगीभूत कॉलेजों में ग्रेड-3 के सृजित पदों के आधार पर खाली पदों संख्या आरक्षण रोस्टर का पालन करते हुए झारखंड राज्य कर्मचारी चयन आयोग को उपलब्ध कराएंगे। इसके बाद नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू होगी।